Breaking News
आईएनएक्स मीडिया मामले में पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम की बुधवार रात को बेहद नाटकीय ढंग से गिरफ्तारी हुई। सीबीआई उन्हें हिरासत में लेकर CBI हेडक्वॉर्टर ले गई जहां चिदंबरम को अधिकारिक तौर पर गिरफ्तार किया गया  |   चंद्रयान-२ चंद्रमा की कक्षा में पहुंचा, ७ सितंबर को सतह पर लैंडिंग  |   रविदास मंदिर गिराने के आदेश को सियासी रंग न दें : सुप्रीम कोर्ट  |   ब्रिटेन के सांसद ने कहा, संवैधानिक तरीके से हटाया गया अनुच्‍छेद 370  |   पड़ोसी देश के विकास के लिए प्रतिबद्ध : मोदी  |  
 
 
दैनिक यूपी ब्यूरो
31/05/2019  :  09:34 HH:MM
140 करोड़ की प्रॉपर्टी कमेटी को 1 रुपये में दूंगा, बशर्तें कमेटी सेल डीड प्रस्तुत करें : जीके
Total View  199

नई दिल्ली दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के पूर्व अध्यक्ष मनजीत सिंह जीके ने कमेटी नेताओं को उनके खिलाफ बिना तथ्यों की रोशनी में न बोलने की चेतावनी दी हैं। कल पूर्व कमेटी अध्यक्ष अवतार सिंह हित के द्वारा जीके के खिलाफ लगाए गए आरोपों को झूठलाने के लिए मीडिया के सामने आए जीके ने कमेटी अध्यक्ष मनजिन्दर सिंह सिरसा व हित के थित कच्चे चि_े भी खोल दिए।
साथ ही किसी औरत के द्वारा दान में दी गई 140 करोड़ की एक प्रॉपर्टी अपने नाम पर करवाने के हित के द्वारा किए गए दावे को साबित करने की भी हित को जीके ने चुनौती दी। जीके ने कहा कि हित का किरदार क्या हैं, सब जानते हैं। 1984 सिख कत्लेआम की एचकेएल भगत के खिलाफ गवाह सतनामी बाई व दर्शन कौर को किसने गवाही बदलने के पीछे पैसे देने की पेशकश की थी, इस बात का जिक्र 1984 पर लिखी गई कई किताबों में हो चुका हैं। श्री अकाल तख्त साहिब ने हरीनगर स्कूल से हित का अवैध कब्जा मुक्त करवाया था। पर फिर भी स्कूल छोडऩे के बदले हित ने कमेटी से लाखों रुपये वसूली करने के बाद स्कूल छोड़ा था। 1984 की लड़ाई के नाम पर सियासत करने वाले हित के पास उपलब्धि के तौर पर बताने के लिए एक केस नहीं हैं, जो कि कातिलों के खिलाफ हित ने गवाहों को विश्वास में लेकर कोर्ट में दाखिल किया हों। जीके ने कहा कि दमदमी टकसाल के मुखी बाबा हरनाम सिंह खालसा पर झूठी गवाही देने का आरोप लगाने से पहले हित को टकसाल के कार्यों व कुर्बानीयों को भी देखना चाहिए था। पर दुसरे की भरी चाबी से चलने वाले हित को इस बात का अंदाजा भी नहीं रहा कि सीआरपीसी 164 के तहत मैजिस्ट्रेट के सामने बाबा खालसा द्वारा दी गई गवाही को गलत बताकर हित ने अदालत की अवमानना की हैं। पिछले 6 वर्षों से टकसाल ने दिल्ली में कई अहम् सेवाएँ की हैं, जिसमें 1 महीना तक लगातार पाठ बोध समागम, गुरुद्वारा बंगला साहिब के दरबार हॉल में सोने का दरवाजा, अशोका रोड़ के मुख्य द्वार पर सोने का खंडा,गुरुद्वारा बंगला साहिब के चारों तरफ हरियाली गलियारा विकसित करना, कमेटी के अमृतसर स्थित यात्री निवास की मुरम्मत तथा कायाकल्प और पटना साहिब में शताब्दी पर 1.25 करोड़ रुपये की लागत से लाखों संगतों के लिए लंगर सेवा लगाना आदि शामिल हैं। जीके ने कहा कि झूठ बोलने की आदत से मजबूर हित ने 1 लाख कनैडियन डॉलर के मामले में भी शरारतपूर्ण तरीके से मीडिया को गुमराह किया हैं। भारतीय मुद्रा में यह रकम 51 लाख रुपए बनती हैं। जोकि कमेटी के एक्सिस बैंक के खाते में क्रेडिट हुई हैं। तथा 51 लाख रुपये ही टकसाल को दिए गए थे। जिसकी प्राप्ति की गवाही खुद टकसाल मुखी ने कोर्ट में दी हैं। जीके ने दावा किया कि हित के कथित भ्रष्टाचार व कुकर्मों के कारण ही दिल्ली में अकाली दल मृतप्राय: अवस्था में आ गया था। हित ने अपनी पहचान टिकट बेचने वाले प्रधान की बना रखी थी। टिकट बिकती थी, पर उम्मीदवार नहीं जीतता था।






Enter the following fields. All fields are mandatory:-
Name :  
  
Email :  
  
Comments  
  
Security Key :  
   4440436
 
     
Related Links :-
बेबसाइटों पर प्रलोभनों से बचें और साइबर अपराधों से सुरक्षित रहें : आलोक रॉय
संस्कृतियों, भाषाओं और पहचानों को नुकसान पहुंचने का बड़ा खतरा : बाजव
गुरुग्राम में जलभराव ने खोली सरकार के जुमलों की पोल : वर्धन यादव
कश्मीर : खस्ता-हाल पाकिस्तान
मंदिर बनाने की बात करने वाले संत रविदास का मंदिर ढहाए जाने पर चुप क्यों हैं : निशान सिंह
हंगामा क्यों है बरपा?
यौन उत्पीडऩ की भयावहता
संसद का गौरव बना रहे
संकल्प लें : पानी बचाएंगे, बिन पानी सब सून...
आए दिन हत्या, लूट, महिलाओं पर अत्याचारों का ग्राफ बढता जा रहा है
 
CopyRight 2016 DanikUp.com